* कारोबार में लाभ और नौकरी में प्रमोशन दिलाती हैं। त्रिपुर सुंदरी : श्री ह्रीं क्लीं ऐं सौ: ॐ ह्रीं क्रीं कए इल ह्रीं सकल ह्रीं सौ: ऐं क्लीं ह्रीं श्रीं नम:। पूर्ण विधि के अनुसार शुभ मुहूर्त में कलश को स्थापित करें। जीवन में आने वाले संकट और बाधाएं https://trishakti-sadhna71504.blogofchange.com/40116089/not-known-facts-about-1-647-510-2650